जो ख़ुद सुविधा चाहता है वो सब को दे : हार्दिक हुँड़िया

चलो एक ऐसा राजा ढूँढे

हम जब चुनाव में अपना क़ीमती मत देते है, तब ये सोच के क्यू नहीं देते की
जो नेता हमारे मत से राजा बनता है उसके पास कितनी बड़ी सत्ता आ जाती है ?
वो जो चाहे वो करता है । उसमें चुनाव जितने के बाद वो ताक़त आ जाती है जो ना तो उसने सोची है या हमने भी सोची है ?
वो इतना ताक़तवर हो जाता है की कल के दिन हमारे साथ खेलने वाला इंशान जिनको बैठने के लिये या घूमने के
स्कूटर का भी ठिकाना नहीं होता है उनके लिये हवाई जहाज़ हाज़िर हो जाता है । हम सभी के एक मत में कितनी ताक़त है आपको पता है ? आप एक नज़र हमारे प्रधान मंत्री श्री नरेंद्र भाई की मोदी की तरफ़ एक नज़र करो तो आप को सब पता चल जाएगा की एक मत पे कितनी ताक़त है । हमें जब जब चुनाव होता है तब तब हमें एक मौक़ा मिलता है की राजा हम चुने ।हमारे मत पे वो अद्भुत ताक़त है की जो राजा हमारे मत से बनता है बाद में उसके ठाट देखो ? आपको पता है की हर साल जो भी सरकार अति है, लेकिन किसी सरकार ने ये काम नहीं किया की जो देश के पर क़र्ज़ा बढ़ रहा है वो कम करे ।
कम करना तो छोड़ो हर साल बढ़ता जा रहा है और इस देश का नेता आमिर । राजा आमिर बनता जा रहाँ है तो प्रजा ग़रीब । हम ये बात सामने देख रहे है फिर भी हमारी आँख नहीं खुलती ? क्यू ?
राजा तो आख़िर राजा है ।राजा सिर्फ़ इतना सोचे की जो प्रजा ने मूँजें राजा बनाया तो वो प्रजा का उपकार मैं कैसे भूलूँ ? मूँजें राजा बनाने वाली प्रजा को कोई तकलीफ़ ना पड़े ये देखना मेरा कर्तव्य है , यदि हर शहर का, ज़िल्लेका, राज्य और देश का राजा ये सोच के काम करेगा तो देश का हर कोना कोना समृद्ध होगा । बेरोजगारी का नाम निशान नहीं होगा । चारों तरफ़ राजा की जयजयकार होगी । राजा समज़दार होगा तो राजा को भी सही सलाह देने वाले इस देश के संतो का अनमोल मार्गदर्शन मिलेगा । भरस्ताचार का नाम निशान नहीं होगा । देश की प्रजा के टैक्स से जो सुविधा जनता को चाहिये वो बराबर मिलती रहेगी । ना कोई भूखा सोयेगा और ना कोई बिना काम का रहेगा । भारत देश सोने की चिड़िया का देश था है और रहेगा लेकिन ये सब देश की जनता के हाथो में है यानी हम सभी के हाथो में है ।तो भारत माता के संतानो जागो । ये पवित्र अनमोल भूमि के लिये हम सभी की भलाई की लिये ऐसा राजा ढूँढो जो ख़ुद जो भी सुविधा चाहता है वो सुविधा प्रजा के लिये भी ढूँढे ।

Share this news:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *